बाबा नरसिंहानंद सरस्वती महाराज पर  दर्ज मुकदमे एवं उनकी सुरक्षा बहाल करने  हेतु एक बैठक का आयोजन किया गया
September 25, 2019 • योगेश गौड़

गुरुवार को  ग्रामीण  तहसील मुख्यालय पहुंचकर  सौंपेंगे उप जिलाधिकारी को एक ज्ञापन

मोदीनगर (योगेश गौड़)। अखिल भारतीय संत परिषद के राष्ट्रीय संयोजक यति नरसिंहानन्द सरस्वती महाराज के पुलिस द्वारा उत्पीड़न पर नाराजगी व्यक्त करने के लिए तहसील क्षेत्र के खिँदोडा गाँव के परशुराम कालीन शिव मंदिर में क्षेत्र के संतो और वरिष्ठ लोगो की एक बैठक आहूत की गई। बैठक में  पुलिस की उत्पीड़नात्मक  कार्रवाई के खिलाफ  गुरुवार को  तहसील मुख्यालय पहुंचकर उप जिलाधिकारी को एक ज्ञापन सौंपकर आंदोलन करने की योजना बनाई गयी।
बैठक को संबोधित करते हुए परशुराम कालीन शिव मंदिर के महंत यति रामानन्द सरस्वती महाराज ने कहा की हमारे वरिष्ठ गुरु भाई यति नरसिंहानन्द सरस्वती महाराज ने अपना संपूर्ण जीवन हिन्दू  धर्म के लिये समर्पित कर दिया।उन्होंने कहा कि हाल ही में ग़ाज़ियाबाद नोएडा में हुए गुर्जर यादव संघर्ष में दोनों बिरादरियों के बीच सुलह कराने का प्रयास किया थाा जिसके बड़ी लड़ाई को होने चल गई थी। यदि रामानंद सरस्वती ने कहा कि यदि नरसिंहानंद सरस्वती जी इस विवाद के बीच में नही पड़े होते तो अब तक इन दोनों समाजों में कई कत्ल हो गए होते। इतना बड़ा कार्य करने पर गाजियाबाद पुलिस द्वारा  उन्हें सम्मानित करने के बजाय  अपराधी घोषित करके रासुका और जिला बदर का डर दिखाया जा रहा है।उन्होंने कहा कि पुलिस द्वारा की जा रही इस उत्पीड़न आत्मक कार्रवाई के खिलाफ सारे हिन्दू समाज को खड़ा होकर यति नरसिंहानन्द सरस्वती जी के सम्मान और अस्तित्व की रक्षा करनी चाहिये।
बैठक को संबोधित करते हुए बाबा परमेन्द्र आर्य ने कहा की ग़ाज़ियाबाद की पुलिस इस समय कानून व्यवस्था के लिये नहीँ अपितु किसी नेता के निजी एजेंडे के लिये काम कर रही प्रतीत होती है।बाबा परमेंद्र आर्य ने कहा कि अब समय आ चुका है की जिस व्यक्ति ने हम सबकी रक्षा के लिये अपना सर्वस्व होम कर दिया,हम सब उस व्यक्ति के सम्मान की रक्षा के लिये खड़े हो और सरकार को मजबूर करें की यती नरसिंहानंद सरस्वती केेेे खिलाफ पक्षपातपूर्ण कार्यवाही को तत्काल बंद करें।
बैठक में यह तय किया गया कि  सभी ग्रामीण  एकत्र होकर दिनाँक 26 सितम्बर को मोदीनगर के उपजिलाधिकारी के माध्यम से प्रदेश के मुख्यमंत्री को ज्ञापन देकर वस्तुस्थिति से अवगतकराएंगे,और उनसे यति नरसिंहानन्द सरस्वती जी महाराज के ऊपर दर्ज झूठे मुकदमे खत्म करने और उनकी सुरक्षा बहाल करने की मांग करेंगे।

बैठक मे राणा रामनारायण आर्य,  अजब शास्त्री, लक्ष्य चौधरी,  पिंटू त्यागी, विनेश त्यागी, गोरव काकडा,  अनुज नहरा, सुखबीर भगतजी,  सुंदर चौधरी,  तपेशवर गीरी, वेदप्रकाश त्यागी, जोनी सांगवान,  नितिन चौधरी,  विक्रांत राठी आदि उपस्थित रहे।